Sun Mere Humsafar Hindi Lyrics

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Sun Mere Humsafar Hindi Lyrics

 

सुन ज़ालिमा मेरे
सानु कोई डर ना
की समझेगा ज़माना
ओ तू भी सी कमली, मैं भी सा कमला
इश्के दा रोग, सयाणा
इश्क़ दा रोग, सयाणा

सुन मेरे हमसफ़र
क्या तुझे इतनी सी भी खबर
सुन मेरे हमसफ़र
क्या तुझे इतनी सी भी खबर
के तेरी साँसें चलती जिधर
रहूँगा बस वहीँ उम्र भर
रहूँगा बस वहीँ उम्र भर हाय
कितनी हसीन ये मुलाक़ातें है
उनसे भी प्यारी तेरी बातें है
बातों में तेरी जो खो जातें है
रहूँ ना होश में मैं कभी
बाहों में है तेरी ज़िन्दगी हाय
सुन मेरे हमसफ़र
क्या तुझे इतनी सी भी खबर

ज़ालिमा तेरे इश्क़ चुने हो गइयाँ कमली है

मैं तो यूँ खड़ा किस सोच में पड़ा था
कैसे जी रहा था मैं दीवाना
चुप के से आके तूने, दिल में समा के तूने
छेड़ दिया कैसा ये फ़साना
ओ मुस्कुराना भी तुझी से सीखा है
दिल लगाने का तू ही तरीक़ा है
ऐतबार भी तुझी से होता है
ना हूँ ना होश में मैं कभी
बाहों में है तेरी ज़िन्दगी हाय
है नहीं था पता के तुझे मान लूंगा खुदा
के तेरी गलियों में इस कदर
आऊंगा हर पेहेर
सुन मेरे हमसफ़र
क्या तुझे इतनी सी भी खबर
के तेरी साँसें चलती जिधर
रहूँगा बस वहीँ उम्र भर
रहूँगा बस वहीँ उम्र भर हाय

ज़ालिमा तेरे इश्क़ चुने